रायपुर, 16 अप्रैल|छत्तीसगढ़ में युवाओं के सशक्त भविष्य और पारदर्शी भर्ती व्यवस्था की दिशा में पं. रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय के प्रेक्षागृह में आयोजित समारोह में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने उच्च शिक्षा विभाग के अंतर्गत चयनित 430 प्रयोगशाला परिचारकों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने नवनियुक्त अभ्यर्थियों को बधाई देते हुए कहा कि राज्य सरकार युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि भर्ती प्रक्रियाओं को पारदर्शी, निष्पक्ष और व्यवस्थित बनाने के लिए सुधार किए गए हैं, जिनके सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रशासन में शुचिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के उद्देश्य से ‘सुशासन एवं अभिसरण विभाग’ का गठन किया गया है तथा मंत्रालय के कार्यों को ई-प्रणाली से जोड़ा गया है। उन्होंने कहा कि युवाओं के भविष्य के साथ किसी भी प्रकार का अन्याय स्वीकार नहीं किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि पूर्व में हुए पीएससी घोटाले की जांच सीबीआई को सौंपने के साथ भर्ती परीक्षाओं में अनुचित साधनों की रोकथाम के लिए कड़े कानूनी प्रावधान किए गए हैं। भर्ती प्रक्रियाओं को सरल बनाने के लिए ‘छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन मंडल’ के गठन और परीक्षा कैलेंडर लागू करने की दिशा में कार्य जारी है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि नई औद्योगिक नीति के माध्यम से निजी क्षेत्र में स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाए जा रहे हैं। उन्होंने नवनियुक्त कर्मचारियों से निष्ठा और समर्पण के साथ कार्य करने का आह्वान किया।
उच्च शिक्षा मंत्री टंकराम वर्मा ने कहा कि यह भर्ती प्रक्रिया पारदर्शिता और निष्पक्षता के सिद्धांतों पर आधारित रही है। उन्होंने बताया कि पदस्थापना प्रक्रिया में काउंसलिंग प्रणाली अपनाई गई है। उन्होंने कहा कि नई पीढ़ी राज्य को प्रगति और समृद्धि के नए आयामों तक ले जाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
कार्यक्रम में उच्च शिक्षा सचिव एस. भारतीदासन ने चयनित अभ्यर्थियों को बधाई दी। इस अवसर पर उच्च शिक्षा विभाग के आयुक्त संतोष देवांगन सहित विभागीय अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।