मुंबई: भारतीय शेयर बाजार के लिए आज का दिन बेहद निराशाजनक रहा। वैश्विक तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में भारी उछाल के कारण निवेशकों में घबराहट देखी गई, जिससे सेंसेक्स और निफ्टी दोनों बड़े मनोवैज्ञानिक स्तरों से नीचे फिसल गए।
बाजार का लेखा-जोखा (Market Roundup):
- सेंसेक्स (Sensex): बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का सेंसेक्स आज लगभग 1,250 अंक गिरकर 74,800 के स्तर के करीब बंद हुआ।
- निफ्टी (Nifty): नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 400 अंकों से अधिक की गिरावट के साथ 23,200 के नीचे ट्रेड करता नजर आया।
- निवेशकों को चपत: आज की इस भारी बिकवाली में निवेशकों के करीब ₹7 लाख करोड़ स्वाहा हो गए।

गिरावट के मुख्य कारण:
- कच्चा तेल $100 के पार: मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के कारण ब्रेंट क्रूड $100 प्रति बैरल के पार निकल गया है। भारत अपनी जरूरत का 80% तेल आयात करता है, इसलिए तेल की बढ़ती कीमतें भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए बड़ा झटका हैं।
- रुपया रिकॉर्ड निचले स्तर पर: अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपया आज अपने अब तक के सबसे निचले स्तर ₹92.41 पर पहुंच गया, जिससे विदेशी निवेशकों (FIIs) ने बाजार से पैसा निकालना शुरू कर दिया।
- महंगाई का डर: भारत में मुद्रास्फीति (Inflation) दर 3.21% तक पहुंचने से निवेशकों को डर है कि आने वाले समय में ब्याज दरों में कटौती की संभावना कम हो जाएगी।
सेक्टर और स्टॉक्स का हाल:
- सबसे ज्यादा नुकसान (Top Losers): बैंकिंग, ऑटो और मेटल सेक्टर में सबसे ज्यादा मार पड़ी। HDFC बैंक, टाटा स्टील, और हिंडाल्को जैसे बड़े शेयर 2% से 3% तक टूट गए।
- बढ़त वाले शेयर (Top Gainers): गिरते बाजार में भी Hindustan Unilever (HUL) और Nestle India जैसे FMCG शेयरों ने थोड़ी मजबूती दिखाई, क्योंकि निवेशक अब सुरक्षित (Defensive) स्टॉक्स की ओर रुख कर रहे हैं।
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक वैश्विक तनाव कम नहीं होता और कच्चे तेल की कीमतें स्थिर नहीं होतीं, तब तक बाजार में अस्थिरता (Volatility) बनी रह सकती है।