मुंगेली, 19 दिसंबर 2025। छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय लोक अदालत प्रणाली को और अधिक प्रभावी और सशक्त बनाने के उद्देश्य से राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के सभागार में द्वितीय राज्य स्तरीय सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में राष्ट्रीय लोक अदालतों की सफलता में उत्कृष्ट योगदान देने वाले जिला विधिक सेवा प्राधिकरणों, परिवार न्यायालयों के न्यायाधीशों एवं पैरा लीगल वॉलंटियर्स को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में माननीय न्यायमूर्ति श्री रमेश सिन्हा, मुख्य न्यायाधीश उच्च न्यायालय छत्तीसगढ़ एवं मुख्य संरक्षक, छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण ने उत्कृष्ट कार्य करने वाले सभी जिला विधिक सेवा प्राधिकरणों और परिवार न्यायालयों को प्रशंसा प्रमाण-पत्र एवं स्मृति चिन्ह प्रदान किए। 16 दिसंबर 2023, 2024 और 2025 को आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालतों में श्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले जिलों और परिवार न्यायालयों को विशेष रूप से सम्मानित किया गया।

न्यायपालिका की गरिमामयी उपस्थिति
सम्मेलन में माननीय न्यायमूर्ति श्री संजय के. अग्रवाल, न्यायाधीश उच्च न्यायालय छत्तीसगढ़ एवं कार्यपालक अध्यक्ष, छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण ने स्वागत उद्बोधन प्रस्तुत किया। कार्यक्रम का आभार प्रदर्शन सदस्य सचिव, छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा किया गया।
इस अवसर पर उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति श्री नरेंद्र कुमार व्यास, न्यायमूर्ति श्री सचिन सिंह राजपूत, न्यायमूर्ति श्री राकेश मोहन पांडेय, न्यायमूर्ति श्री संजय कुमार जायसवाल, न्यायमूर्ति श्री विवेक कुमार अग्रवाल, न्यायमूर्ति श्री अरविंद कुमार वर्मा, न्यायमूर्ति श्री बिभु दत्ता गुरु एवं न्यायमूर्ति श्री अमित किशोर प्रसाद की गरिमामयी उपस्थिति रही।
त्वरित और सुलभ न्याय के संकल्प के साथ समापन
सम्मेलन में रजिस्ट्रार जनरल, रजिस्ट्री के वरिष्ठ अधिकारी, छत्तीसगढ़ राज्य न्यायिक अकादमी के निदेशक, राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के अधिकारी, सभी जिलों के प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, परिवार न्यायालयों के न्यायाधीश, स्थायी लोक अदालतों के अध्यक्ष, मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, जिला विधिक सेवा प्राधिकरणों के सचिव एवं नामित पैरा लीगल वॉलंटियर्स उपस्थित रहे।
सम्मेलन का समापन छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय लोक अदालत व्यवस्था को और अधिक मजबूत करने तथा आमजन को त्वरित, सुलभ और किफायती न्याय उपलब्ध कराने के संकल्प के साथ किया गया।