मुंगेली, 25 जुलाई 2025
छात्रों में अनुशासन, नैतिकता, साइबर सुरक्षा और नशा मुक्ति के प्रति जागरूकता को बढ़ावा देने के लिए मुंगेली पुलिस द्वारा “पहल” नामक अभिनव कार्यक्रम की शुरुआत की गई है। इसी क्रम में स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालय दाउपारा में शिक्षक-शिक्षार्थी कार्यशाला का आयोजन किया गया, जिसमें जिले के 23 स्कूलों के कक्षा 9वीं और 11वीं के छात्र-छात्राओं ने भाग लिया।

कार्यक्रम में स्वामी आत्मानंद स्कूल एवं कस्तूरबा गांधी विद्यालय की छात्राओं द्वारा नुक्कड़-नाटक प्रस्तुत किया गया, जिसमें नशे की लत से परिवार में उत्पन्न होने वाले संकट और समाज में इसके दुष्प्रभावों को उजागर करते हुए नशामुक्ति का संदेश दिया गया।
कलेक्टर कुन्दन कुमार ने विद्यार्थियों को किया प्रेरित
इस अवसर पर कलेक्टर श्री कुन्दन कुमार ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि सफलता के लिए लक्ष्य, अनुशासन और समर्पण जरूरी है। उन्होंने कहा, “रील से दूर रहिए और रियल लाइफ में जीना शुरू कीजिए।” उन्होंने सोशल मीडिया के सकारात्मक उपयोग पर बल देते हुए बताया कि उन्होंने स्वयं UPSC की तैयारी के दौरान इंटरनेट का उपयोग केवल ज्ञानवर्धन के लिए किया। उन्होंने जिले के अर्पण जैन का उदाहरण देते हुए बताया कि उन्होंने हाल ही में UPSC में 323वीं रैंक प्राप्त कर जिले का नाम रोशन किया है।

एसपी भोजराम पटेल ने दी साइबर सुरक्षा और नैतिकता की सीख
पुलिस अधीक्षक श्री भोजराम पटेल ने अपने संबोधन में कहा कि “पहल” सिर्फ एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि छात्रों में सामाजिक जिम्मेदारी और आत्मनिर्भरता की भावना विकसित करने का अभियान है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को मोबाइल फोन के दुरुपयोग और गलत संगति से दूर रहना चाहिए तथा कड़ी मेहनत और लगन से भविष्य संवारने की दिशा में काम करना चाहिए।
उन्होंने जानकारी दी कि “पहल” कार्यक्रम के अंतर्गत चयनित विद्यार्थियों को स्कूल प्रतिनिधि बनाकर अनुशासन, स्वच्छता और नैतिकता के लिए प्रेरित किया जाएगा, जिससे उन्हें आजीवन उपयोगी अनुभव प्राप्त होगा।

सम्मान और प्रेरणा का क्षण
इस दौरान छात्राओं ने कलेक्टर और एसपी को रक्षासूत्र बांधा, जो आपसी विश्वास और सुरक्षा की भावना का प्रतीक बना। कार्यक्रम के अंत में कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक ने छात्राओं की सृजनात्मक प्रस्तुति और सामाजिक समझ की सराहना करते हुए उन्हें प्रेरणा स्वरूप पेन भेंट कर सम्मानित किया।
सामाजिक नवजागरण की ओर एक निर्णायक कदम
“पहल” केवल एक नशा विरोधी अभियान नहीं, बल्कि यह एक सामाजिक नवजागरण है, जिसका उद्देश्य विद्यार्थियों को जागरूक, सशक्त और संस्कारी नागरिक बनाना है। यह जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन के समन्वय से संचालित एक ऐसा कार्यक्रम है, जो आने वाले समय में हजारों विद्यार्थियों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने की क्षमता रखता है।
इस अवसर पर संबंधित विद्यालयों के प्राचार्य, शिक्षकगण और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।