नई गाइडलाइन दरें: नगरीय-ग्रामीण भूमि दरों में एकरूपतारायपुर, 12 दिसंबर 2025। वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए नई गाइडलाइन दरों में नगरीय और ग्रामीण क्षेत्रों में भूमि दरों की लंबे समय से चली आ रही विसंगतियों को दूर कर एकरूपता लाई गई है। राज्य शासन ने स्पष्ट किया कि दरों में अनावश्यक वृद्धि नहीं की गई, बल्कि उन्हें अधिक व्यवस्थित, सरल और वैज्ञानिक पद्धति से तैयार किया गया है।
नवीन गाइडलाइन में नगरीय क्षेत्रों के भीतर अलग-अलग कंडिकाओं में दर्ज भिन्न दरों को तार्किक रूप से समायोजित किया गया है, जिससे भ्रम की स्थिति समाप्त होगी और पारदर्शिता बढ़ेगी।
नगरीय क्षेत्रों में कंडिकाओं का सरलीकरण
विभागीय अधिकारियों के अनुसार, पहले एक ही वार्ड और मुख्य मार्ग के लिए अलग-अलग दरें दर्ज थीं। उदाहरण के तौर पर नगर निगम राजनांदगांव के वार्ड क्रमांक 1, 2 और 3 में 10 कंडिकाओं में 3200, 3400 और 3600 रुपये प्रति वर्गमीटर की दरें थीं, जबकि वास्तविक बाजार मूल्य लगभग 4500 रुपये प्रति वर्गमीटर था।
नई गाइडलाइन में कंडिकाओं को 10 से घटाकर 6 किया गया है। पूरे नगर निगम क्षेत्र में कंडिकाएँ 310 से घटकर 134 कर दी गई हैं। इसी तरह डोंगरगढ़, डोंगरगांव, छुरिया और लाल बहादुर नगर सहित अन्य नगरीय निकायों में 490 कंडिकाओं को सरलीकृत कर 249 किया गया है।
ग्रामीण क्षेत्रों में तार्किक समानता
ग्रामीण क्षेत्रों में भी एक ही मुख्य मार्ग से लगे ग्रामों के बीच दरों में भारी अंतर था। जी.ई. रोड से लगे ग्रामों में अंजोरा, टेडेसरा, देवादा, इंदावनी और सोमनी की दरों में असमानता थी। नई गाइडलाइन में इन विसंगतियों को दूर कर दरों में पारदर्शिता और तार्किक समानता सुनिश्चित की गई है।
शासन ने बताया कि नगरीय क्षेत्रों में युक्तियुक्तरण के बाद प्राप्त दरों पर केवल 20 से 40 प्रतिशत तक की स्वाभाविक वृद्धि की गई है, जिसे छह वर्षों बाद तार्किक माना गया है। आमजन से अपील की गई है कि वे अफवाहों से बचें और केवल अधिकृत स्रोतों से प्राप्त जानकारी पर विश्वास करें।
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