महासमुंद, 13 दिसंबर 2025।
जिला महासमुंद में धान खरीदी व्यवस्था में गंभीर अनियमितताएं पाए जाने पर कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने कड़ा कदम उठाया है। निरीक्षण के दौरान अव्यवस्था सामने आने पर तीन धान खरीदी केंद्रों के प्राधिकृत अधिकारियों को उनके पद से पृथक कर दिया गया।
कलेक्टर श्री लंगेह ने 12 दिसंबर को धान खरीदी केंद्र मोंगरापाली और गांजर का निरीक्षण किया, जबकि 11 दिसंबर को केवां केंद्र का निरीक्षण किया गया था। तीनों केंद्रों में धान की स्टेकिंग अव्यवस्थित पाई गई, जिससे खरीदी प्रक्रिया प्रभावित हो रही थी।

निरीक्षण में पाई गई अनियमितताएं
निरीक्षण के दौरान यह भी सामने आया कि नए और पुराने बारदानों पर समिति का मार्का एवं स्टेंसिल निर्धारित मानकों के अनुरूप अंकित नहीं थे। इसके अलावा मिलर द्वारा प्रदाय किए गए बारदानों की गुणवत्ता भी संतोषजनक नहीं पाई गई।
तीन प्राधिकृत अधिकारियों पर कार्रवाई
इन अनियमितताओं को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर ने संबंधित समितियों के प्राधिकृत अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई की।
- प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति मर्यादित मोंगरापाली के प्राधिकृत अधिकारी श्री गुलशन बघेल,
- प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति मर्यादित गांजर के प्राधिकृत अधिकारी श्री पुनितराम सिन्हा,
- प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति मर्यादित रिसीकेला के प्राधिकृत अधिकारी श्री नेपाल साहू
को उनके पद से पृथक किया गया है।
कलेक्टर ने निर्देश दिए हैं कि सभी धान खरीदी केंद्रों में शासन के दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन किया जाए। धान की स्टेकिंग, बारदानों की गुणवत्ता और मार्किंग में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। आगे भी निरीक्षण जारी रहेगा और अनियमितता पाए जाने पर संबंधितों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।