बलरामपुर। शंकरगढ़ थाना पुलिस ने आंगनबाड़ी सहायिका भर्ती घोटाले में फर्जी अंकसूची पर हस्ताक्षर करने वाली एक और आरोपिया को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान शाहिना परविन, पिता समसुद्दीन अंसारी, उम्र 26 वर्ष, निवासी भगवतपुर, थाना शंकरगढ़, जिला बलरामपुर रामानुजगंज के रूप में हुई है।
मामले की शुरुआत प्रभारी परियोजना अधिकारी, एकीकृत बाल विकास परियोजना कुसमी की शिकायत पर हुई थी। शिकायत में बताया गया कि वर्ष 2024-25 में आंगनबाड़ी सहायिका भर्ती में गड़बड़ी की गई है। कलेक्टर द्वारा गठित जांच समिति में यह सामने आया कि आंगनबाड़ी केंद्रों बेहराटोली (जार्गिम), कटहरपारा (महुआडीह), धाजापाठ (कोठली), डूमरपानी (बेलकोना) में चयनित सहायिकाओं ने अन्य आरोपियों के साथ मिलकर कक्षा 8वीं की फर्जी अंकसूचियां तैयार कर भर्ती प्राप्त की।

इस मामले में पूर्व में चार चयनित सहायिकाएं –
1. अरमाना (पति शमशेर आलम, उम्र 29, जार्गिम),
2. रिजवाना (पति अमरुद्दीन, उम्र 33, महुआडीह),
3. प्रियंका यादव (पति आशीष यादव, उम्र 27, कोठली),
4. सुशीला सिंह (पति उमाशंकर सिंह, उम्र 26, बेलकोना)
को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया जा चुका है।
साथ ही जांच में यह भी सामने आया कि फर्जी अंकसूची अजीजी पब्लिक स्कूल में तैयार की गई थी। इस सिलसिले में स्कूल के संचालक समसुद्दीन अंसारी, प्रिंसिपल आबिद अंसारी, तथा अन्य आरोपी उमाशंकर पैकरा और शिवनारायण रवि सहित कुल 08 लोगों को 25 अगस्त को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया।
आगे की जांच में यह पाया गया कि शाहिना परविन ने अपने पिता और भाई के साथ मिलकर फर्जी अंकसूची में हस्ताक्षर किए थे। इस आधार पर पुलिस ने उसे विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया।